खजाना भर रहा डभरा, गिलास रह गया खाली! देशी शराब गायब, जनता में उबाल”डभरा में दारू संकट!
डोलकुमार निषाद@डभरा—सक्ति जिले के डभरा मुख्यालय की शासकीय शराब दुकान में देशी प्लेन शराब का स्टॉक खत्म होते ही क्षेत्र में असंतोष खुलकर सामने आ गया है। स्थानीय उपभोक्ताओं का कहना है कि बार-बार स्टॉक खत्म होना अब सामान्य समस्या बन चुकी है, जिससे उन्हें परेशानी और अतिरिक्त खर्च दोनों झेलने पड़ रहे हैं।

देशी खत्म, महंगी की मजबूरी—गरीबों में गुस्सा”
लोगों ने बताया कि पिछले कुछ दिनों से उपलब्ध कराए जा रहे ब्रांड की गुणवत्ता भी संतोषजनक नहीं थी। मजबूरी में महंगी अंग्रेजी शराब खरीदनी पड़ी, जिससे खासकर आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग पर सीधा असर पड़ा,,।
राजस्व करोड़ों का, सुविधा शून्य! डभरा में शराब को लेकर बवाल”
स्थिति तब और बिगड़ी जब पूरे डभरा ब्लॉक में बीयर का स्टॉक भी खत्म हो गया। बीयर उपभोक्ताओं को 30 किलोमीटर दूर खरसिया (जिला रायगढ़) तक जाना पड़ा। इस दौरान अवैध विक्रेताओं ने मौके का फायदा उठाकर ₹200 की बीयर ₹400 में बेचकर लोगों की जेब पर डबल मार डाली..!
लोगों की साफ मांग? डभरा में देशी शराब का नियमित और पर्याप्त स्टॉक सुनिश्चित किया जाए.
1-गुणवत्ता वाले ब्रांड (जैसे यूनिक, रोमियो, शोले) उपलब्ध कराए जाएं.
2-बीयर और अन्य उत्पादों की लगातार सप्लाई बनी रहे.
3-अवैध बिक्री और मनमानी दरों पर कड़ाई से रोक लगाई जाए…
चंद्रपुर विधानसभा क्षेत्र के उपभोक्ताओं का कहना है कि जब क्षेत्र से सरकार को रोजाना भारी राजस्व प्राप्त होता है, तो यहां के लोगों को बुनियादी सुविधा के लिए भटकना क्यों पड़े?
सवाल उठ रहा है..
क्या डभरा जैसे राजस्व देने वाले क्षेत्र को बेहतर आपूर्ति और गुणवत्ता का हक नहीं मिलना चाहिए?
अब नजर इस बात पर है कि जिम्मेदार विभाग इस समस्या को कितनी जल्दी संज्ञान में लेकर समाधान करता है।
