
सुरज बीसी गरियाबंद
*देवभोग :-* रायगढ़ की समृद्ध सांस्कृतिक धरोहर और संगीत-नृत्य की गौरवशाली परंपरा का प्रतीक 41वां चक्रधर समारोह इस वर्ष भी देशभर के कलाकारों की शानदार प्रस्तुतियों से सजेगा। समारोह में बाल प्रतिभाओं की प्रस्तुतियां भी विशेष आकर्षण का केंद्र रहेंगी।
इसी कड़ी में *22 सितंबर को 8 वर्षीय बाल नृत्यांगना आशिका सिंघल* अपनी मनमोहक कथक प्रस्तुति से दर्शकों को मंत्रमुग्ध करेंगी
राजकुमार कॉलेज, रायपुर की कक्षा तीसरी की छात्रा आशिका ने महज 4 वर्ष की आयु से कथक का प्रशिक्षण प्रारंभ किया है। वे अपनी गुरु सुश्री नेहा सिंह के मार्गदर्शन में कथक की निरंतर साधना कर रही हैं। कम उम्र में ही आशिका ने अपने नृत्य कौशल, भाव-भंगिमा और लय-ताल से अलग पहचान बनाई है।
आशिका अपनी प्रस्तुति की शुरुआत *‘जय-जय जगतजननी देवी…’* स्तुति से करेंगी। इसके बाद तोड़ा 50 चक्कर, टुकड़ा, आमद और तत्कार की मनमोहक प्रस्तुतियां देंगी। अगले चरण में श्रीकृष्ण और राधा-रानी के होली-रास पर आधारित नृत्य-नाटिका प्रस्तुत की जाएगी।
आशिका इससे पहले पावस प्रसंग, राज्योत्सव तथा 40वें चक्रधर समारोह जैसे प्रतिष्ठित मंचों पर भी अपनी प्रस्तुतियां दे चुकी हैं।
22 सितंबर को होने वाली उनकी प्रस्तुति को लेकर कला-प्रेमियों में विशेष उत्साह है।
